ये पांच घरेलू नुस्खे अपनाइए, डाईबिटीज हमेशा रहेगा कंट्रोल में

Spread the love

आज की जीवन शैली में लोगों को शुगर होना आम समस्या हो गई है। खासकर उन लोगों जिन्हें ऑफिस या कॉलेज में कई -कई घंटे लगातार बैठे रहना पड़ता है और दिन में कम से कम व्यायाम करते उन लोगों में यह समस्या काफी देखने को मितली है। शुगर से कई और तरह की बीमारियां भी बढ़ने लगती हैं। लेकिन यदि नियमित जीवनशैली और संतुलित खानपान अपनाया जाए तो इस समस्या से राहत पाई जा सकती है। यहां हम कुछ ऐसे घरेलू उपायों के बारे में बता रहे हैं जो शुगर को नियंत्रित करने में काफी मददगार होते हैं-

1- भिंडी– 4 से 5 भिंडी एक कांच के बर्तन में पानी में काट कर रख दीजिए। सुबह तक उसमें भिंडी गल जाएगी अब आप उस पानी को पी लीजिये इस पानी से शुगर लेवल कंट्रोल हो जाता है।

2- नीम नीम व गिलोय की दातुन करें दातुन करते समय जो पानी मुंह में आए उसे बाहर ना निकालें बल्कि अंदर ही गटक लें। इसे आप अपनी दिनचर्या में शामिल कीजिए। इससे भी शुगर लेवल काबू में रहता है।

3- जामुन- जामुन एक ऐसा पेड़ है जिसकी पत्तियाँ, फूल, फल, गुठलियां सब शुगर कंट्रोल करने में काफी अच्छी मानी जाती है। जामुन के बीज आप सुखा कर पीस लीजिये। इनका चूर्ण आप नियमित रूप से लीजिये काफी फायदा करेगा। यह चूर्ण आप दिन में दो बार लीजिये काफी लाभ होगा।

4- एलोवेरा एलोवेरा भी मधुमेय रोग को काबू करने के लिए काफी अच्छा स्त्रोत है। आप चाहें तो एलोवेरा की सब्जी बना कर भी खा सकते हैं। आप चाहें तो इसका चूर्ण भी बना कर रख सकते हैं या फिर इसका रस भी आप पी सकते हैं। यह शुगर कंट्रोल करने का रामबाण ईलाज है।

READ  विश्व स्वास्थ्य दिवस: पिछले 7 साल में 1 करोड़ से ज्यादा बच्चों की 5 साल से कम उम्र में मौत

5- गेंहू की ज्वारी-
गेंहू की ज्वारी यानि के गेंहू को मिट्टी में दबा कर उससे जो हरी हरी घास निकलती है, उसे गेंहू की ज्वारी कहा जाता है। यह शुगर के मरीजों के लिए एक बेहतरीन तोहफा है। इसे भी आप अपनी डाइट में शामिल कीजिए। 5 से 7 दिन की जो ज्वारी है वो आपके लिए और भी फायदा करेगी यह रक्त में शर्करा के प्रभाव को कम कर देती है। इसका जूस निकाल कर या फिर ऐसे ही आप इसे खा सकते हैं।

ब्रह्म मुहूर्त में जागते थे श्रीराम, जानें फायदे ( Brahma muhurta ke Fayde) , देखें यह वीडियो


हमारे यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें।

Spread the love
© Word To Word 2021 | Powered by Janta Web Solutions ®
%d bloggers like this: